वाराणसी: किसान फूल मंडी पर नगर निगम का हंटर, करोड़ों की जमीन कब्जा मुक्त, अब निगम को किराया देंगे व्यापारी
500 किसानों और व्यापारियों को अब से करना होगा अनुबंध

वाराणसी। (14 जनवरी 2026) शहर के मलदहिया (इंग्लिशिया लाइन) स्थित किसान फूल मंडी में लंबे समय से चल रहे अवैध कब्जे और वसूली के खेल को नगर निगम ने खत्म कर दिया है। बुधवार को नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल के निर्देश पर बड़ी कार्रवाई करते हुए करोड़ों रुपये की भूमि को नगर निगम ने अपने नियंत्रण में ले लिया। अब यहां कारोबार करने वाले फूल विक्रेताओं को बिचौलियों के बजाय सीधे नगर निगम को किराया देना होगा।
अवैध कब्जा और वसूली का खेल खत्म
जानकारी के अनुसार, किसान फूल मंडी के पास की यह जमीन रक्षा सम्पदा विभाग की है, जो वैधानिक रूप से नगर निगम के प्रबंधन में आती है। इसके बावजूद विशाल दुबे नामक व्यक्ति द्वारा यहां अवैध रूप से दुकान बनाकर फूल विक्रेताओं से वसूली की जा रही थी। नगर निगम ने कार्रवाई करते हुए इन दुकानों को सील कर दिया है।

पीला कार्ड निरस्त, अर्जी खारिज
जांच में पाया गया कि वरुणापार के जोनल अधिकारी ने दिसंबर 2025 में ही अवैध रूप से दर्ज भवन संख्या (S.21/112-K-1) से नाम हटाते हुए पीला कार्ड निरस्त कर दिया था। इस फैसले के खिलाफ विशाल दुबे ने नगर आयुक्त के पास अपील की थी, लेकिन कोई कानूनी सबूत पेश न कर पाने के कारण उनकी अर्जी खारिज कर दी गई।
व्यापारियों को अब करना होगा अनुबंध
सहायक नगर आयुक्त अनिल यादव ने बताया कि इस क्षेत्र में माला-फूल का व्यापार करने वाले व्यापारियों को अब नगर निगम के साथ औपचारिक अनुबंध (Agreement) करना होगा।
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पूर्व में काटी जा रही टैक्स रसीदें अब पूरी तरह अवैध हैं।
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व्यापारी अब सीधे नगर निगम को किराया जमा करेंगे।
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इस नई व्यवस्था से करीब 500 किसानों और व्यापारियों को व्यवस्थित जगह और सुरक्षा मिलेगी।
नगर आयुक्त की चेतावनी: राजस्व बढ़ेगा, कब्जा नहीं चलेगा
नगर आयुक्त हिमांशु नागपाल ने राजस्व विभाग को आदेश दिया है कि मंडी परिसर में नियमों के तहत किराया वसूली तुरंत शुरू की जाए। उन्होंने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि दोबारा किसी ने अवैध कब्जा करने की कोशिश की, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।



