वाराणसी: काशी की प्राचीन विरासत के ध्वस्तीकरण के खिलाफ ‘आप’ का हल्लाबोल, राष्ट्रपति के नाम सौंपा ज्ञापन
2025 में सिक्का जारी किया, 2026 में मूर्ति तोड़ी: मुकेश सिंह

वाराणसी | 17 जनवरी 2026 काशी के प्राचीन मठों, मंदिरों और ऐतिहासिक शिलालेखों को विकास के नाम पर तोड़े जाने के विरोध में शनिवार को ‘आम आदमी पार्टी’ (AAP) ने जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन किया। जिलाध्यक्ष कैलाश पटेल के नेतृत्व में जुटे सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारेबाजी की और जिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन सौंपा।
2025 में सिक्का जारी किया, 2026 में मूर्ति तोड़ी: मुकेश सिंह
पार्टी नेता मुकेश सिंह ने भाजपा सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री ने 2025 में अहिल्याबाई होलकर के सम्मान में चांदी का सिक्का जारी किया था, लेकिन 2026 आते-आते उन्हीं की विरासत पर बुलडोजर चलवा दिया। सन 1771 में निर्मित इन मंदिरों को तोड़ना बनारस की जनता की भावनाओं और संस्कृति पर गहरा आघात है।
राष्ट्रपति से हस्तक्षेप की मांग
आम आदमी पार्टी ने राष्ट्रपति से मांग की है कि:
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प्राचीन मंदिरों और मूर्तियों के ध्वस्तीकरण को तत्काल रोका जाए।
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जिन ऐतिहासिक संरचनाओं को क्षति पहुँची है, केंद्र सरकार को उनका पुनः जीर्णोद्धार कराने का निर्देश दिया जाए।
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काशी की पौराणिक और ऐतिहासिक पहचान को सुरक्षित रखा जाए।
प्रदर्शन में ये रहे शामिल
विरोध प्रदर्शन में मुख्य रूप से देवकांत वर्मा, घनश्याम पाण्डेय (जिला मीडिया प्रभारी), मनीष गुप्ता, पल्लवी वर्मा, अर्चना श्रीवास्तव, शारदा टंडन, मोहिनी महेद्रु, डॉ. अहिल्या, राजेश वर्मा, गुलाब राठौर, अभिषेक सिंह, प्रमोद श्रीवास्तव, सरोज शर्मा, कन्हैया मिश्रा, अमर सिंह पटेल, अनुराग अग्रवाल, शाहनवाज, विवेक गुप्ता, मोहम्मद युसूफ, अरविन्द यादव, गुलाब प्रजापति, निलेश कुमार सिंह, बबलू कुमार और गोपाल पाण्डेय सहित भारी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।



